दरभंगा । न्यायिक शुल्क वृद्धि अधिसूचना को वापस लेने
की मांग को लेकर न्यायिक कार्य से अपने को अलग रखते हुये अधिवक्ताओं द्वारा सड़क जाम
करने की बाबत जिला प्रशास ने अधिवक्ता संघ के महासचिव इन्द्रशेखर मिश्र सहित सतावन
अधिवक्ताओं को गिरफ्तार करवाया। लहेरियासराय थाना अध्यक्ष एवं डीसीएलआर ओंकारनाथ
आर्य के नेतृत्व में भारी पुलिस बलों ने सिविल कोर्ट एवं समाहरणालय के बीच की पथ को
वकीलों द्वारा अवरुद्ध करने को लेकर पहुंच गया। वकीलों के धरना स्थल पर अधिवक्ता
तंत्रनाथ ठाकुर, कौशर इमाम हाशमी, अरुण कुमार, आभा दास, अरुण कुमार मिश्र द्वितीय,
सुभाष महतो, मुरारी लाल केवटी, रामवृक्ष सहनी, उज्जवल गोस्वामी समेत हजारों अधिवक्ता
मौजूद थे। वहीं हड़ताली वकीलों के बीच महिला अधिवक्ता फर्खुदा जबीं ने भीषण गर्मी
में ओजपूर्ण क्रांतिकारी उपस्थिति से युवा सहित वृद्ध वकीलों में भी जोश ला दिया।
राजीव रंजन ठाकुर एवं मुरारी लाल केवट व अनिल कुमार प्रसाद के गगनभेदी नारों से
कचहरी परिसर व समाहरणालय परिसर गुंजायमान रहा। डीसीएलआर के नेतृत्व में आये पुलिस
अधिकारियों व पुलिस बलों ने अधिवक्ता अनिल कुमार प्रसाद, अरुण कुमार मिश्र द्वितीय,
लोकेश कुमार झा, तमन्ना खां, विनोद कुमार, अविनाश मिश्र, राम बालक यादव, अरुण कुमार
मिश्र, निरंजन मिश्र, सैयद अफजल इमाम, मो. कलीमुल्लाह, इश्तेखार अहमद, भवनाथ मिश्र,
रतन कुमार झा, संतोष कुमार सिंह, अनिल कुमार मिश्र द्वितीय, अमरनाथ झा, अनिल कुमार
द्वितीय, सलामत हुसैन, रजनीकांत चौधरी, धर्मेन्द्र कुमार, राजीव रंजन ठाकुर, अशोक
कुमार भगत, अल्पना कुमारी, रामवृक्ष सहनी, विरेन्द्र कुमार झा, अनिल कुमार मिश्र,
मो. मुमताज आलम, कालीचन्द्र झा, आलोक कुमार, कामेश्वर झा प्रथम, प्रमोद कुमार ठाकुर,
चौ. विद्यानंद राय, देवेन्द्र प्रसाद सिंह, राज कुमार झा, नर्मदेश्वर नाथ, भोला
यादव, अशोक कुमार ठाकुर, प्रेम कुमार लाल, अचलेन्द्र कुमार झा, चन्द्र कुमार
मल्लि्क, अल्लाम अहमद खां, राजेन्द्र कुमार, रामउदित झा, मुरारी लाल केवट, कामेश्वर
ठाकुर, प्रमोद ना. मिश्र, माया शंकर चौधरी, मृदुला सिंह, मो. मोइनउद्दीन, मो. शमशु
जोहा, मो. जलालउद्दीन अकबर, मो. इफ्तेखार कलीम उपस्थित थे। आम जनताओं के ऊपर लादे
गये आर्थिक भार से मुक्ति के लिये अधिवक्ताओं ने भीषण गर्मी एवं धूप में सड़क जाम कर
पुलिस हिरासत में जाने का कार्य किया। वहीं दूसरी ओर अम्बर इमाम हाशमी सहित हजारों
वकीलों ने धरना कार्यक्रम को चलाते रहे। दस्तावेज नवीस संघ के चन्द्रकांत झा सहित
विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों ने वकीलों के संघर्ष को अपना संघर्ष स्वीकार कर सभा
को संबोधित किया। अनिश्चितकालीन संघर्ष एवं गिरफ्तारी देने के लिये अधिवक्ताओं ने
पूरी कमर कस ली है। आल इंडिया लायर्स यूनियन के रामाधार मंडल ने अपना बैनर लगाकर
आंदोलन में कूद पड़ा।